एक्ने वल्गेरिस: घरेलु उपचार, इलाज़ और परहेज

एक्ने वल्गेरिस – आहार – लेने योग्य आहार: त्वचा सबसे बड़ा अंग है. तरल पदार्थ अधिक लें और जल का स्तर कायम रखें, प्रतिदिन कम से कम 8-10 कप पानी पीयें, ताजे फल और सब्जियों का सेवन अधिक मात्रा में करें,

एक्ने वल्गेरिस: रोकथाम और जटिलताएं

एक्ने वल्गेरिस – रोकथाम – अपनी त्वचा को धोएं और उसकी देखभाल करें, नियमित व्यायाम करें, अधिक मात्रा में, 8-10 गिलास, पानी प्रतिदिन पीयें.

एक्ने वल्गेरिस: प्रमुख जानकारी और निदान

एक्ने/मुहांसे तैलीय ग्रंथी के स्राव का त्वचा में जमाव है, आमतौर पर चेहरे और गर्दन पर.

एक्ने वल्गेरिस: लक्षण और कारण

एक्ने वल्गेरिस – लक्षण – त्वचा पर घाव का निशान, सफ़ेद या पीले दबाये जा सकने वाले निशान, बड़ी लाल गांठें. एक्ने वल्गेरिस – कारण – हारमोंस में परिवर्तन, अनुवांशिकी, तनाव.

दमा: रोकथाम और जटिलताएं

दमा रोकथाम – धूम्रपान त्यागें, वायु प्रदूषण, धूल और उत्प्रेरक धुएं से बचें, इन्हेलर्स का प्रयोग करें, घर को स्वच्छ और धूल से मुक्त रखें.

दमा: प्रमुख जानकारी और निदान

अस्थमा क्रोनिक (लम्बे समय तक रहने वाली) फेफड़ों की बीमारी है, जिसके कारण फेफड़ों में और फेफड़ों से हवा ले जाने वाली नलिकाओं में सूजन और सिकुडन हो जाती है..

दमा: लक्षण और कारण

दमा लक्षण – खांसी, व्हीज़िंग, साँस लेने में कठिनाई, अत्यंत थकान का अनुभव, सोने में कठिनाई. दमा कारण – एलर्जन जैसेकि वृक्षों के परागकण, धूल के कण, श्वसन संक्रमण, मोटापा और शारीरिक गतिविधि.

दमा: घरेलु उपचार, इलाज़ और परहेज

दमा आहार – लेने योग्य आहार ना लेने योग्य आहार: फल और सब्जियां अधिक मात्रा में खाएं, ओमेगा-3 फेटी एसिड्स युक्त आहार लें जो कि सैलमन, ट्यूना और सारडाइन मछलियों में पाया जाता है और कुछ वनस्पति स्रोत जैसे कि अलसी जिनमें स्वास्थ्य के लिए कई लाभकारी तत्व माने जाते हैं. अस्थमा के रोगियों के लिए कहे गए सबसे लाभकारी आहारों में: एवोकेडो, गाजर, हरी पत्तेदार सब्जियां जैसे पालक, केल, ब्रोकोली स्प्राउट, शकरकंद, अदरक, हल्दी, लहसुन, प्याज़, सेब, मेवे, टमाटर आदि हैं,

आंत्रशोथ: प्रमुख जानकारी और निदान

गैस्ट्रोएन्टेराइटिस बैक्टीरिया द्वारा किया गया आहार-पथ का संक्रमण और सूजन है। इसे पेट के फ्लू या फ़ूड पॉइज़निंग के रूप में भी जाना जाता है।.

आंत्रशोथ: लक्षण और कारण

आंत्रशोथ लक्षण – पतले, पानी जैसे दस्त, मतली और उल्टी, पेट दर्द, पेट में ऐंठन, भूख ना लगना. आंत्रशोथ कारण – वाइरसेस, बैक्टीरिया, पेरासाइट्स, आहार या दवा में किसी चीज़ के लिए हुई विपरीत प्रतिक्रिया.